अठाना में आयोजित श्रीमद भागवत कथा के पंचम दिवस पर पंडित मदनलाल जी नागदा ने श्री कृष्ण के बाल्यावस्था की लीलाएं और कंस वध का वर्णन किया। इस अवसर पर श्री राष्ट्रीय संत सत्यानंद जी महाराज पधारे और सभी भक्तों ने उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। बाल्यावस्था की लीलाएं- -माखन चोरी: श्री कृष्ण ने अपने बचपन में माखन चोरी की लीला की, जिससे गोकुल के लोग आनंदित हुए। गोवर्धन लीला: उन्होंने गोकुल को इंद्र की वर्षा से बचाने के लिए गोवर्धन पर्वत को अपनी उंगली पर उठाया। कालिया नाग पर विजय: श्री कृष्ण ने कालिया नाग को पराजित कर यमुना नदी को सुरक्षित बनाया कंस वध- कंस वध भगवान श्री कृष्ण की सबसे महत्वपूर्ण लीलाओं में से एक है। कंस, जो मथुरा का राजा था, ने अपने पिता उग्रसेन को कारागार में डाल दिया था और अत्याचार किया था। श्री कृष्ण ने कंस को युद्ध में पराजित कर उसका वध किया और मथुरा को उसके अत्याचार से मुक्त किया।